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मृत आईबी अधिकारी के पिता का आरोप- आप नेता की इमारत से पथराव कर रहे लोगों ने की हत्या

दिल्ली हिंसा में मारे गए खुफिया ब्यूरो अधिकारी अंकित शर्मा के परिवार के सदस्यों ने आरोप लगाया है कि चांद बाग में आप नेता और पार्षद ताहिर हुसैन की इमारत से पथराव कर रहे लोगों ने उनकी हत्या की है। हालांकि आम आदमी पार्टी ने इस पर सफाई देते हुए कहा है कि ताहिर हुसैन पहले ही अपना बयान दे चुके हैं जिसमें उन्होंने कहा कि हिंसा के दौरान उनके घर में भीड़ के घुसने के बारे में उन्होंने पुलिस और मीडिया को सारी जानकारी दी।  बता दें कि बुधवार को उत्तर-पूर्वी दिल्ली के चांदबाग के नाले से शर्मा सा शव बरामद हुआ था।

अंकित के पिता रविंदर कुमार ने कहा है कि अंकित पर उस वक्त हमला किया गया जब वह अपनी ड्यूटी से लौट रहा था। कुमार ने एएनआई को बताया, “अंकित उस स्थल (चांद बाग) में गया जहां पथराव हो रहा था। ताहिर की इमारत से लगभग 15-20 लोग आए थे और इमारत के भीतर 5-6 लोगों को घसीटते हुए ले गए। उन्होंने अन्य लोगों पर भी गोलीबारी की, जिन्होंने ईमारत के अंदर ले गए लोगों को बचाने की कोशिश की।”

उन्होंने कहा, “ताहिर एक राष्ट्र-विरोधी व्यक्ति है। लोग उस इमारत से पथराव कर रहे थे। अंकित पर चाकू से हमला किया गया। एक और शव वहां से बरामद किया गया। अंकित के शव को पोस्टमार्टम के लिए जीटीबी अस्पताल भेज दिया गया है।” रविंदर कुमार ने कहा कि उनके बेटे के लापता होने के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई थी।

भाजपा विधायक ने भी लगाए आरोप

घोंडा के भाजपा विधायक अजय महावर ने भी आरोप लगाया कि भीड़ ने अंकित को घसीटा। उन्होंने कहा, “लोग एक इमारत से पथराव कर रहे थे। एक भीड़ ने उसे अंदर खींच लिया क्योंकि अंकित इमारत के पास गया था। अंकित को बेरहमी से पीटा गया था और उसकी गर्दन चाकू से काट दी गई। बाद में, उसके शरीर को एक नाले के अंदर फेंक दिया गया। इस घटना के पीछे जिम्मेदार लोगों को संदेश है कि कानून उन्हें नहीं छोड़ेगा।”

आप नेता संजय सिंह ने क्या कहा?

आप नेता और राज्यसभा सांसद  संजय सिंह ने आरोप लगाया कि पहले दिन से आम आदमी पार्टी कह रही है कि कोई भी व्यक्ति हो, किसी भी पार्टी या धर्म से हो, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए अगर व दोषी है। उन्होंने कहा कि ताहिर हुसैन पहले ही अपना बयान दे चुके हैं जिसमें उन्होंने कहा कि हिंसा के दौरान उनके घर में भीड़ के घुसने के बारे में उन्होंने पुलिस और मीडिया को सारी जानकारी दी। उसने पुलिस से सुरक्षा मांगी थी। पुलिस 8 घंटे देरी से आई और उसे और उसके परिवार को बचाया।

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